नवाब मालिक ने समीर वानखेड़े के बड़े राज का किया पर्दाफाश, वानखेड़े ने छुपाया अपना धर्म?

बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान को क्रूज ड्र’ग्स मामले में गि’र’फ्तार किया गया है. इस मामले की जांच कर रहे नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अधिकारी समीर वानखेडे लगातार सवालों के घेरे में बने हुए हैं. इस मामले में चल रही जांच को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं. इस बीच अब समीर वानखड़े को लेकर भी कई सवाल उठाए जा रहे है और उन्हें लेकर कई दावे भी किये जा रहे है.

राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी एनसीपी के प्रवक्ता और महाराष्ट्र की खाड़ी आघाडी सरकार के मंत्री नवाब मलिक लगातार समीर वानखेड़े को अपने निशाने पर ले रहे है. हाल ही में उन्होंने वानखेड़े और एनसीबी पर आरोप लगाया कि एजेंसी और वानखेड़े फर्जी मामलों में कुछ निश्चित गावों के आधार पर लोगों को फंसाती हैं.

पहचानो कौन?

इसके बाद अब नवाब मलिक ने वानखेड़े का जन्म प्रमाण पत्र शेयर करते हुए कहा है कि समीर दाऊद वानखेडे का फर्जीवा’ड़ा यहीं से शुरू हुआ. सोमवार को समीर वानखेडे का 20 से 25 साल पुराना फोटो और कथित जन्म प्रमाण पत्र शेयर करते हुए नवाब मलिक ने लिखा पहचान कौन?

इसके बाद मलिक ने दूसरा ट्वीट किया जिसमें उन्होंने एक जन्म प्रमाण पत्र की कॉपी साझा की और दावा किया कि है यह बर्थ सर्टिफिकेट समीर वानखेडे का है. इसे शेयर करते हुए उन्होंने कैप्शन में लिखा कि यहां से शुरू होता है समीर दाऊद वानखेडे के फर्जीवाड़े का सिलसिला.

आपको बता दें कि एनसीपी नेता द्वारा शेयर बर्थ सर्टिफिकेट के मुताबिक एनसीबी अधिकारी समीर वानखेडे का संबंध एक मुस्लिम परिवार से हैं. इसे लेकर दावा किया जा रहा है कि उन्होंने आरक्षण का फायदा गलत तरीके से लिया और इंडियन रेवेन्यू सर्विस की नौकरी प्राप्त की .

समीर को लेकर कहा जा रहा है कि उन्होंने आरक्षण प्राप्त करने के लिए अपने धर्म को छुपाया. इसी बीच सोशल मीडिया पर समीर वानखेडे की पहली शादी की कई तस्वीरें भी वायरल होने लगी है.

इन तस्वीरों को लेकर दावा किया जा रहा है कि समीर वानखेडे की पहली पत्नी डॉक्टर शबाना कुरेशी हैं जबकि क्रांति रेडकर उनकी दूसरी पत्नी है. तस्वीरों को वायरल करते हुए बताया जा रहा है कि समीर की पहली शादी 12 दिसंबर 2006 में हुई थी.

यह एक घ’टिया चल

वही एनडीटीवी ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि इस मामले को लेकर समीर वानखेड़े ने कहा है कि मंत्री नवाब मलिक द्वारा मेरे जन्म प्रमाण पत्र पर किए गए हालिया ट्वीट के बारे में मुझे जानकारी मिली है.

उन्होंने कहा कि इस सब का इस केस से कोई संबंध नहीं है, यह एक बेहद ही घटिया प्रयास है. एनडीटीवी के अनुसार उन्होंने बताया कि मेरी मां मुस्लिम समुदाय से थी तो क्या मलिक मेरी मृ’त मां को इस सब के बीच में लाना चाहते हैं?

अगर वह मेरी जाति और पुष्ट भूमि का सत्यापन करना चाहते हैं तो उन्हें मेरे मूल स्थान पर जाना चाहिए और मेरे परदादा से मेरे वंश के बारे में जानकारी लेना चाहिए. उन्हें इस तरह गंदगी नहीं फैलानी चाहिए. मैं इस पर कानूनी लड़ाई लडूंगा, इस पर कोर्ट से बाहर  ज्यादा टिप्पणी करना ठीक नहीं है.

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *